ताजमहल बरगी | K.K.Sharma | Lyrics

के.के शर्मा की आवाज़ में ताजमहल बरगी हरियानवी गीत सोनोटेक कैसेट्स में प्रस्तुत़ हुआ हैं। गीत का म्यूज़िक एम.आर स्टूडियो ने कम्पोज किया हैं। राजू मलिकपुरिया द्वारा निर्देशित गाने मेंअंकित राणा और सोनिका सिंह अहम किरदार में नज़र आएँगे।

गौरी के रूप रंग को देखकर आशिक उसका दीवाना हो गया हैं और सफ़ेद सूट में वो उसको ताजमहल तरह खूबसूरत लगती हैं। उसकी कोयल सी बोली और उसके नैनो के तीर ने आशिक का दिल घायल कर दिया हैं। गौरी की चढ़ती जवानी पर उसका काबू नहीं हैं।

Tajmehal Bargi Song Lyrics

आंख्या में शर्म तने चाखी सै तू कड़ी ने आँखी सै
चोखी सै कहदी मैंने ना बोली कोये झूठ रे
ओ ताजमहल बरगी लागे सै धोले धोले सूट में

कोयल सी बोली अंखिया गोली तीर जिगर ते पार करया
बूढ़ा ने भी मरजाणी तने देखे बिन्या नहीं सरिया
दूसरी गाल के छोरे भी थारी गाल पकड़े रूड रे

ओ ताजमहल बरगी लागे सै धोले धोले सूट में
जब तू चाली धरती हाली गात में सनाटा
मारण ने कोई कसर ना छोड़ी जांदी जांदी करगी टाटा

तीर चलाके नैणा का तू सब कुछ ले गई लूट रे
ओ ताजमहल बरगी लागे सै धोले धोले सूट में
ना जी पाया ना मर पाया देखे के तेरी काया रे

मोनू शर्मा हो गया पागल ये कैसा तीर चलाया रे
ओ ताजमहल बरगी लागे सै धोले धोले सूट में

अन्य हरियान्वी गाने :